Spread the love

पीजीआईएमईआर चंडीगढ़ में 12वें वार्षिक शोध दिवस का आयोजन, अत्याधुनिक चिकित्सा नवाचारों का प्रदर्शन।

पीजीआईएमईआर और एम्स के बीच सहयोग से चिकित्सा अनुसंधान को वैश्विक स्तर पर मिलेगा नया आयाम : प्रो. विवेक लाल।

पीजीआईएमईआर चंडीगढ़ ने 140 करोड़ रुपये के वित्तपोषित प्रोजेक्ट्स और 7 पेटेंट के साथ दिखाई शोध क्षमता।

चंडीगढ़, 07 मार्च: पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (पीजीआईएमईआर) चंडीगढ़ ने आज अपना 12वां वार्षिक शोध दिवस मनाया, जिसमें संस्थान के चिकित्सा अनुसंधान और नवाचार में बढ़ते योगदान को प्रदर्शित किया गया। इस अवसर पर पिछले एक वर्ष में प्रकाशित 329 शोध पत्रों का प्रदर्शन किया गया, जबकि 35 शोधकर्ताओं को शोध प्रकाशनों और 59 शोधकर्ताओं को नवाचारों के लिए सम्मानित किया गया। यह आयोजन संस्थान की सशक्त शोध संस्कृति को दर्शाता है।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित एम्स नई दिल्ली के डीन प्रो. निखिल टंडन ने पीजीआईएमईआर में हो रहे शोध कार्यों की गहराई और गुणवत्ता की सराहना की। उन्होंने “वियरिंग टू हैट्स: डॉक्टर’स डिलेमा” विषय पर विशेष व्याख्यान देते हुए बताया कि भारत में चिकित्सक-वैज्ञानिकों को रोगियों की देखभाल और शोध कार्य—दोनों जिम्मेदारियों को संतुलित करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि अनुसंधान एक लंबी यात्रा है, जिसके लिए धैर्य, जुनून और निरंतर प्रयास की आवश्यकता होती है, और इसके वास्तविक परिणाम कई वर्षों बाद सामने आते हैं।

मुख्य अतिथि का स्वागत करते हुए पीजीआईएमईआर के निदेशक प्रो. विवेक लाल ने कहा कि भारी क्लिनिकल कार्यभार और लगभग 40 लाख वार्षिक मरीजों की संख्या के बावजूद संस्थान में शोध की मजबूत परंपरा बनी हुई है। उन्होंने वार्षिक रिसर्च डे को पीजीआईएमईआर का “रिसर्च का दिवाली उत्सव” बताया और कहा कि पीजीआईएमईआर और एम्स के बीच प्रस्तावित रिसर्च सहकार्यता से वैश्विक स्तर पर प्रभावशाली शोध को बढ़ावा मिलेगा।

इस अवसर पर डीन (रिसर्च)
प्रो. संजय जैन ने संस्थान की वार्षिक शोध उपलब्धियों का विवरण प्रस्तुत करते हुए बताया कि पिछले एक वर्ष में आईसीएमआर, डीबीटी, डीएसटी और सीएसआईआर जैसी एजेंसियों के सहयोग से लगभग 140 करोड़ रुपये के 250 बाह्य वित्त पोषित शोध प्रोजेक्ट्स शुरू किए गए। कार्यक्रम के दौरान अप्रैल 2025 से मार्च 2026 के बीच किए गए शोध कार्यों के पोस्टर भी प्रदर्शित किए गए तथा विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले फैकल्टी सदस्यों, रेजिडेंट्स और युवा शोधकर्ताओं को सम्मानित किया गया।

By HIMSHIKHA NEWS

हिमशिखा न्यूज़  सच्च के साथ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *