शिमला,हिमशिखा न्यूज़ 12/03/202
छत्तीसगढ़ और राजस्थान की तर्ज पर हिमाचल की भाजपा की डबल इंजन सरकार कर्मचारियों की पुरानी पेंशन बहाल करे -राजिन्दर शर्मा
हिमाचल प्रदेश कॉंग्रेस कमेटी के सचिव राजिन्दर शर्मा ने जारी प्रेस वार्ता में कहा कि जिस तरह कॉंग्रेस पार्टी की छत्तीसगढ़ और राजस्थान सरकारों द्वारा उनके राज्यों में कार्यरत एन पी एस कर्मचारियों को पुरानी पेन्शन योजना लागू कर दी गई है उसी तर्ज पर हिमाचल प्रदेश की मौजूदा भाजपा डबल इंजन सरकार को प्रदेश के समस्त एन पी एस कर्मचारियों की पुरानी पेन्शन योजना जो बंद कर दी गई है , कर्मचारियों के बुढ़ापे का एकमात्र सहारा पुरानी पेंशन को पुनः लागू करके उनका बुढ़ापा सुरक्षित करना चाहिए। श्री राजिन्दर शर्मा ने कहा कि एक कर्मचारी अपने जीवन के 30-35 वर्षों से एक विभाग में सेवा कर रहा है। वृद्धावस्था में सेवानिवृत्त होने पर नई पेंशन योजना के तहत उन्हें न केवल 2,000 रुपये से 3,000 रुपये तक की पेंशन दी जाती है। जहां तक घर चलाने की बात है तो बुढ़ापे में महीने की दवा भी नहीं आती। इसके चलते कर्मचारियों को आत्महत्या करने को मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि नई पेंशन योजना के तहत सरकार कॉरपोरेट घरानों को हर महीने करोड़ों रुपये दे रही है. अगर सरकार पुरानी पेंशन योजना को लागू करती है तो हर महीने सरकारी खजाने पर अतिरिक्त बोझ को भी रोका जा सकता है। इस अवसर पर राजेन्द्र शर्मा ने यह भी बताया कि भारत के माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने भी इस संबंध में फैसला सुनाया है कि पेंशन एक दान नहीं बल्कि कर्मचारी का अधिकार है। इसके अलावा राज्य सरकारों ने अब पुरानी पेंशन को बहाल करना शुरू कर दिया है इसलिए हिमाचल प्रदेश की भाजपा डबल इंजन की मौजूदा सरकार को भी अपने राज्य में भी पुरानी पेंशन की बहाली की घोषणा करनी चाहिए। उन्होंने बड़े दुख से कहा कि जो भी कर्मचारी अपनी इस मौलिक अधिकार की मांग सरकार से कर रहे हैं उन पर सरकार द्वारा गलत तरीके से एफ आई आर भावार्थ झूठे केस दर्ज करके उनको परेशान व प्रताड़ित किया जा रहा है जो कि मौजूदा प्रदेश सरकार की भविष्य की विधानसभा चुनाव में होने वाली करारी शिकस्त को बयान करती है ।