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शिमला,हिमशिखा न्यूज़।08/02/2023 

हिमाचल को केंद्र से चाहिए एक हजार करोड़

पीडब्ल्यूडी ने एक किलोमीटर सडक़ बनाने के लिए एक करोड़ का बनाया प्लान; विभाग बना रहा डीपीआर, मार्च में मंजूरी की आस

वित्तीय संकट से जूझ रही हिमाचल सरकार ने केंद्र से एक हजार करोड़ की उम्मीद बांधी है। यह बड़ी संभावना लोक निर्माण विभाग की वजह से है। लोक निर्माण विभाग के अधिकारी प्रदेश में एक हजार किलोमीटर सडक़ निर्माण की डीपीआर तैयार कर रहे हैं। इस निर्माण में प्रति किलोमीटर एक करोड़ रुपए के हिसाब से यह बजट बनाया गया है। मार्च से पहले यह डीपीआर केंद्र सरकार को भेजी जाएगी और संभावना जताई जा रही है कि अप्रैल में केंद्र सरकार राज्य को एक हजार करोड़ रुपए जारी करेगा। इन डीपीआर के आधार पर प्रदेश भर में काम शुरू किए जाएंगे। फिलहाल लोक निर्माण विभाग ने प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना के बजट को अब बढ़ा दिया है। पूर्व में विभाग 500 करोड़ रुपए की डीपीआर तैयार कर रहा था, लेकिन अब इसे दोगुना किया गया है। लोक निर्माण विभाग की बात करें तो उन्हीं अधिकारियों को केंद्र से बातचीत करने और डीपीआर तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जिन्होंने पूर्व में 422 करोड की डीपीआर तैयार की थी।
इन सडक़ों के निर्माण की मंजूरी केंद्र सरकार ने अक्तबर महीने में ही राज्य सरकार को दे दी थी। चुनाव से ठीक पहले कई ग्रामीण इलाकों में इन सडक़ों का निर्माण भी शुरू हो चुका है। मार्च में इन डीपीआर पर मुहर लग जाती है, तो प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना के 1400 करोड़ रुपए पहुंच जाएंगे। इनमें 422 करोड़ रुपए विधानसभा चुनाव से पहले मिल चुके हैं जो मौजूदा वित्तीय वर्ष में गिने जाएंगे, जबकि 31 मार्च के बाद आगामी वित्तीय वर्ष में एक हजार करोड़ रुपए की मदद मिलेगी। राज्य सरकार को महज 10 फीसदी हिस्सा ही प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना पर खर्च करना होगा।
अब 100 करोड़ की टेंशन
केंद्र सरकार का बड़ा बजट राज्य की चिंता बढ़ा सकता है। केंद्र सरकार प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना को एक हजार करोड़ रुपए की मंजूरी देती है तो इसका दस फीसदी हिस्सा राज्य सरकार को भी चुकाना होगा, जो करीब 100 करोड़ रुपए होगा। एक हजार करोड़ के बदले सौ करोड़ की व्यवस्था राज्य सरकार कैसे कर पाती है इस पर बजट सत्र के दौरान नजरें टिकी रहेंगी।

By HIMSHIKHA NEWS

हिमशिखा न्यूज़  सच्च के साथ 

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